| मील का पत्थर साबित होगा आरएसडी का रेलवे ट्रैक by greatindian on 19 January, 2013 - 03:01 PM | ||
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greatindian | मील का पत्थर साबित होगा आरएसडी का रेलवे ट्रैक on 19 January, 2013 - 03:01 PM | |
शाहपुरकंडी : रणजीत सागर बांध परियोजना को पर्यटन की दृष्टि से विकसित करने हेतु पंजाब सरकार की ओर से सकारात्मक कदम उठाए जा रहे हैं। उपमुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल भी बांध परियोजना के टापुओ मुश्रबा एवं कुलारा का दौरा कर चुके हैं। ऐसे में रणजीत सागर बांध परियोजना का गत लंबे समय से उपेक्षित पड़ा रेलवे ट्रैक पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।उक्त बहुकरोड़ी रेलवे ट्रैक जुगियाल से पठानकोट को जोड़ता है। रणजीत सागर बांध परियोजना के निर्माण काल के दौरान इस रेलवे ट्रैक का इस्तेमाल भारी भरकम मशीनें लाने एवं बांध परियोजना के निर्माण में प्रयोग होने वाले अन्य सामान को लाने के लिए किया जाता था, परंतु रणजीत सागर बांध परियोजना के निर्माण के पश्चात इस करोड़ों रुपये की लागत से बने रेलवे ट्रैक को जहां उपेक्षित छोड़ दिया गया है, वहीं अन्य रेलवे सम्पत्ति भी उपेक्षित पड़ी है।उल्लेखनीय है कि आरएसडी रेलवे ट्रैक पर रेलवे स्टेशन की तमाम सुविधाएं यहां मौजूद हैं। रेलवे प्लेटफार्म बना हुआ है। रेलवे से संबंधित कार्यालयों को थोड़ी बहुत रिपेयर के पश्चात इस्तेमाल किया जा सकता है। यह रेलवे ट्रैक पर्यटन की दृष्टि से मील पत्थर साबित हो सकता है, क्योंकि हिमाचल में जाने वाले पर्यटक सीधे यहां पर उतर कर डल्हौजी, चम्बा, भरमौर, धर्मशाला इत्यादि स्थानों पर सीधे जा सकते हैं।इसी प्रकार यहां से माता वैष्णो देवी एवं श्रीनगर जाने वाले पर्यटकों को भी रणजीत सागर बांध परियोजना पर भी आकर्षित करने हेतु यह रेलवे ट्रैक महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है। विभिन्न सामाजिक, राजनैतिक संगठनों की ओर से समय-समय पर यह मांग उठाई जाती रही है कि प्रयोग के तौर पर ही सही यहां से पहले छोटी गाड़ियां डीएमयू, जालंधर, अमृतसर इत्यादि स्टेशनों के लिए चलाई जाएं। बांध परियोजना के कार्यकारी अभियंता आरएस मित्तल से इस संदर्भ में बात की गई तो उन्होंने कहा कि यदि सरकार की ऐसी कोई योजना होगी तो बांध प्रशासन को इस रेलवे ट्रैक के इस्तेमाल पर कोई आपत्ति नहीं होगी। | ||