Indian Railways News => Topic started by riteshexpert on Sep 03, 2012 - 18:00:53 PM


Title - रेलवे सिक लाइन को मिली हरी झंडी
Posted by : riteshexpert on Sep 03, 2012 - 18:00:53 PM

अब रेल-डिब्बों में खराबी आने पर हिसार के रेलवे स्टेशन पर ही मरम्मत का कार्य हो सकेगा। बीकानेर मंडल ने माडल स्टेशन पर सिक लाइन (वर्कशाप) निर्माण को हरी झंडी मिल गई है। हाल ही में बीकानेर मंडल के डीआरएम श्यामसुंदर गुप्ता व रेल अभियंताओं की टीम ने सिक लाइन के लिए जगह का सर्वे किया था। बहुउद्देश्यीय वर्कशाप के लिए पुराना लोको शेड व इंजन घुमाने के स्थान को चुना गया है। डिपो रेलवे फाटक के एक ओर की यह जगह फिलहाल खाली पड़ी है।

सिक लाइन के लिए जगह निर्धारित किए जाने के बाद बीते सप्ताह ही नक्शा तैयार कर बीकानेर मंडल भेज दिया गया। इसे हरी झंडी मिल गई है। फिलहाल बजट का इंतजार किया जा रहा है। जल्द ही काम शुरू होने की संभावना है। सिक लाइन तैयार होने पर रेलगाड़ियों से लगातार गड़बड़ी के कारण कम होने वाले डिब्बों से निजात मिलेगी तथा यात्रियों को होनी वाली असुविधा से राहत मिलने वाली है। अभी तक की स्थिति यह है कि बेशक माडल स्टेशन बनाने के लिए रेलवे ने अब तक करोड़ों रुपया खर्च कर दिया हो परंतु रेल डिब्बों में गड़बड़ी व रखरखाव के लिए यहां कोई सुविधा नहीं है। जिसके कारण अभी तक रेलगाड़ियों के डिब्बों को मरम्मत के लिए बीकानेर, गंगानगर व लालगढ़ भेजा जाता है। नतीजा यह कि व्हील डिफेक्ट, स्प्रिंग जाम, हुक व थप्पी (डिब्बों को जोड़ने का पुर्जा) में खराबी आने के कारण रेलगाड़ी से डिब्बा अलग करना पड़ता है।

:::::::::

टेक्नीकल स्टाफ में होगा इजाफा

सिक लाइन बनने से टेक्नीकल स्टाफ में इजाफा होगा। वर्कशाप में व्हील, स्प्रिंग, हुक, फर्नीचर, पेंटिंग व मरम्मत के लिए अलग-अलग शाखाएं होंगी। जिनमें रखरखाव की जांच करने व मरम्मत के लिए 30 से अधिक टेक्नीशियन होंगे। वर्कशाप में डिब्बों की पेंटिंग, कारपेंटिंग व अन्य खराबी दुरुस्त करने की सुविधा रहेगी।

::::::

माल डिब्बों के लिए भी होगी सुविधा

सिक लाइन में यात्री डिब्बों के अलावा मालगाड़ी के डिब्बों की मरम्मत की भी सुविधा होगी। वर्कशाप में एक बड़ा शेड माल डिब्बों के लिए होगा। सिक लाइन स्टाफ ही प्रत्येक यात्री व मालगाड़ी के डिब्बों को यहां से एकदम दुरुस्त होने पर ही आगामी स्टेशन के लिए रवाना करने की अनुमति प्रदान करेगा।