Indian Railways News => Topic started by RailXpert on Aug 15, 2013 - 20:00:19 PM


Title - पहले जाम ने फंसाया, फिर मेट्रो ने रुलाया | द्वारका-नोएडा रूट पर कल से 6 व 8 कोच वाली ट्रेन
Posted by : RailXpert on Aug 15, 2013 - 20:00:19 PM

नई दिल्ली : स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर मंगलवार को जगह-जगह बैरिकेड लगाए गए थे। सुरक्षा जांच की वजह से दिल्ली वाले जिस तरह ट्रैफिक जाम में फंसे, इसे अगले दिन वह दोहराना नहीं चाहते थे।
बुधवार को यह परेशानी दोबारा न हो इसलिए अधिकांश लोगों ने मेट्रो का रूख किया, नतीजा रहा कि तकरीबन सभी प्रमुख मेट्रो स्टेशनों पर दिनभर जबरदस्त भीड़ रही। हालांकि, प्रमुख सड़कों पर बुधवार को कहीं भी ट्रैफिक जाम की समस्या नहीं आई। केवल आउटर रिंग रोड पर फ्लाईओवर निर्माण कार्य के चलते मुकरबा चौक से बुराड़ी तक वाहन चालकों को थोड़ी परेशानी हुई, लेकिन देर शाम तक सड़कों पर ट्रैफिक सामान्य रहा।
वहीं अन्य दिनों की तुलना में मेट्रो स्टेशनों पर भीड़ उमड़ने से वहां तैनात केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआइएसएफ) के जवानों को भी सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने में काफी मशक्कत करनी पड़ी।
उधर, सुबह के व्यस्त समय में द्वारका से नोएडा व वैशाली जाने वाली मेट्रो लाइन पर ट्रेनों के रूक-रूककर चलने से करीब घंटे भर तक लोगों को काफी परेशानी हुई। 70 किलोमीटर प्रतिघंटे की सामान्य रफ्तार से चलने वाली मेट्रो सुबह करीब एक घंटे तक 30 से 35 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से चल रही थी। खचाखच भरी ट्रेन की वजह से यात्री बेबस दिखाई दे रहे थे। डीएमआरसी (दिल्ली मेट्रो रेल निगम) के अधिकारी ने हुई असुविधा के लिए बताया कि द्वारका-नोएडा लाइन पर सुबह अचानक एक मेट्रो ट्रेन में तकनीकी खराबी आ गई थी, इस कारण उसे ट्रैक से हटाकर डिपो ले जाया गया। इसके चलते आगे-पीछे चलने वाली ट्रेनों के समय को एडजस्ट करना पड़ा, जिससे थोड़ी परेशानी रही।
उत्तम नगर से पटेल नगर आने में बमुश्किल 25 मिनट लगता था, लेकिन बुधवार को एक घंटा लग गया। इसकी वजह से ऑफिस जाने में देर हो गई।
- सुनंदा कौशिक, यात्री
द्वारका से नोएडा जाने वाली मेट्रो की सबसे व्यस्त लाइन पर शुक्रवार से सिर्फ छह और आठ कोच वाली मेट्रो ट्रेन चलेगी। डीएमआरसी के अनुसार, दिसंबर तक छह कोच वाली सभी ट्रेनों को आठ कोच में तब्दील कर दिया जाएगा। मालूम हो कि मेट्रो के मौजूदा प्लेटफार्म पर अधिकतम आठ कोच वाली ट्रेन की चल सकती है। पहले तथा दूसरे चरण के तहत दिल्ली व एनसीआर मेट्रो से संबंधित जितने भी निर्माण कार्य हुए हैं, यहां की चहलकदमी को देख अधिकतम आठ कोच वाली मेट्रो ट्रेन ही चल सकती है।