| Indian Railways News => | Topic started by railenquiry on Jul 11, 2013 - 16:00:18 PM |
Title - - रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष ने किया उच्च अश्वशक्ति इंजन का लोकार्पण - Amar UjalaPosted by : railenquiry on Jul 11, 2013 - 16:00:18 PM |
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वाराणसी। धन की कमी के चलते रेलवे की हालत पतली है। कई योजनाएं पेंडिंग पड़ी हैं। धन की कमी की वजह से ही यात्री सुविधाएं भी नहीं बढ़ाई जा रही हैं। ये जानकारी रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष अरुणेंद्र कुमार ने डीजल रेल इंजन कारखाना में बुधवार को 1000वें उच्च अश्वशक्ति के दोहरे कैबयुक्त रेल इंजन डब्ल्यू डीपी-4 डी का लोकार्पण करने के बाद पत्रकारों को दी। उन्होंने बताया कि स्टेशनों पर सुरक्षा व्यवस्था और तगड़ी की जाएगी। डीरेकाकर्मियों की मांग पर उन्होंने भुल्लनपुर स्टेशन पर 15 जुलाई से पटना-सिकंदराबाद ट्रेन का दो मिनट ठहराव करने की घोषणा की। कहा कि प्रशासनिक भवन के सामने अंडर ग्राउंड पुल (आरयूबी) का निर्माण शीघ्र किया जाएगा। आरयूबी बनने से डीरेकाकर्मियों को काफी सहूलियत होगी। उधर, लोकार्पण समारोह में अध्यक्ष ने डीरेका को 25 लाख रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा की। कहा कि डीरेका में लगातार लक्ष्य से अधिक इंजन तैयार हो रहे हैं। डीरेका के मुख्य यांत्रिकी इंजीनियर राकेश बतास ने कहा कि ड्राइवरों की सुविधा के लिए इंजन में टायलेट की व्यवस्था की जा रही है। टायलेट युक्त इंजन एक महीने के अंदर लोकार्पित किया जाएगा। डीरेका में पहले से काफी अधिक इंजन तैयार हो रहे हैं। वर्तमान में प्रतिमाह 23-24 रेल इंजनों का उत्पादन हो रहा है। डीरेका के जीएम बीपी खरे ने कहा कि चालू वित्तीय वर्ष में 300 इंजनों का लक्ष्य मिला है। इससे अधिक इंजन बनाए जाएंगे। डीरेका ने तीन महीने में 75 इंजन बनाए हैं। इससे पहले अध्यक्ष ने टर्बो सुपर चार्जर, ओवरहालिंग सुविधा केंद्र का उद्घाटन किया। इस मौके पर पूर्वोत्तर रेलवे के जीएम केके अटल भी मौजूद थे। नए इंजन की खूबियां |