Indian Railways News => Topic started by nikhilndls on Aug 29, 2012 - 15:00:47 PM


Title - जंग लगी रेलवे पटरी पर दौड़ेंगी ट्रेनें
Posted by : nikhilndls on Aug 29, 2012 - 15:00:47 PM

रेणुकूट (सोनभद्र) : पूर्व मध्य रेलवे को अधिकतम राजस्व देने वाले रेलवे स्टेशन को लंबे अर्से के बाद दूसरे प्लेटफार्म की सौगात निर्माणाधीन के समय में ही अनियमितताओं की भेंट चढ़ गई है। रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर दो के कार्यो में मानक को पूरी तरह से ताक पर रख कर निर्माण कराया जा रहा है।

प्लेटफार्म नंबर दो की रेलवे पटरी को नया रूप तो दे दिया गया लेकिन उसे नजदीक से देखा जाए तो यात्रियों को यात्रा करने से पहले सौ बार सोचना पड़ेगा। प्लेटफार्म पर लगाई गई पटरी वर्षो पुरानी जंग लगी है। इससे होकर कई रेल गाड़ियां रफ्तार भरेंगी। रेलवे पटरी के नीचे लगे आधार पर नए बीम के अतिरिक्त गिट्टियां बिछाई गई है। जहां-जहां पटरियों में क्लैंप लगाया गया है वहां पटरी का कोई हिस्सा ही नहीं बचा है। ऐसे में तेज रफ्तार की गाड़ियां अपने साथ पटरी को भी ले जाएंगी। इससे दुर्घटना की आशंका से कौन इंकार करेगा।

दूसरी तरफ प्लेटफार्म नंबर दो के समयावधि व्यतीत होने के बाद भी अभी आधे से अधिक कार्य बचे हुए हैं। संविदाकार द्वारा प्लेटफार्म का निर्माण ओबरा ब्रिज, पेयजल के लिए स्टैंड पोस्ट, यात्रियों के बैठने के लिए चबूतरा आदि के ने निर्माण काल में ही सभी कार्यो की पोल खोल दी है। किसी भी कार्य को मानक के अनुरूप अंजाम तक पहुंचाने का प्रयास नहीं किया जा रहा है। देरी होने में भुगतान के साथ विभाग द्वारा उपयोगी उपकरणों को कारण माना जा रहा है। कब तक कार्य को अंतिम अंजाम तक पहुंचा दिया जाएगा यह भी विभाग बताने को तैयार नहीं है।

संविदा के कार्यो में खामियां जैसे स्टैंड पोस्ट में लगे टाइल्स टूट गए हैं। उनकी बनावट मानक के अनुरूप नहीं है। चबूतरा भी खुद ब खुद अपनी दास्तां बयां कर रहा है। इन खामियों पर संबंधित अधिकारी कुछ बोल पाने से इंकार कर दिए। प्लेटफार्म नंबर दो से चंद कदम की दूरी पर पूर्व मध्य रेलवे रेणुकूट का वरीय अनुभाग अभियंता (कार्य) का कार्यालय है जहां पर सहायक मंडल अभियंता आरएस त्रिपाठी, एसआईडब्ल्यू एम नाथ एवं आईडब्ल्यू राजेश कुमार बैठ कर कार्य की समीक्षा करते हैं। इन्हीं के नाक के नीचे ओबरा ब्रिज, रेल पटरी से लेकर स्टैंड पोस्ट, चबूतरा, प्लेटफार्म के निर्माण में अनियमितताओं का अंबार लगा है। सभी की आंखें बंद हैं और कार्य उसी मानक के साथ चल रहा है। ऐसी स्थिति में आम लोगों के साथ कुछ विभागीय लोगों ने भी मिली भगत का आरोप लगाया है। उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। इस संबंध में सहायक मंडल अभियंता श्री त्रिपाठी ने बताया कि जितनी बातें बताई जा रही है सब जानकारी में है। जैसे ही रेल द्वारा पटरी मिलेग उसे बदला जाएगा अन्य खामियों पर कुछ जवाब नहीं मिला।