Indian Railways News => Topic started by railenquiry on Feb 27, 2013 - 18:00:03 PM


Title - रेल बजट: मुर्शिदाबाद को अपना तोहफा नहीं भूले अधीर
Posted by : railenquiry on Feb 27, 2013 - 18:00:03 PM

कोलकाता, नगर प्रतिनिधि। 2013-14
के रेल बजट में पश्चिम बंगाल को पिछले कुछ
सालों के मुकाबले इस बार भले ही नई
ट्रेनों और नए कारखानों की अधिक
सौगात न मिल सकी हो लेकिन पहली बार
रेल राज्य मंत्री बन कर अपने धुर
राजनीतिक विरोधी सूबे
की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को उन्होंने
अपने इलाके में नई रेल और नए कारखाने
घोषणा करा जैसे राजनीतिक जवाब
दिया हो। वहीं दूसरी ओर अधीर
चौधरी ने अपने निर्वाचन क्षेत्र और गृह
जिले मुर्शिदाबाद को बताया है कि हम
तुम्हें नहीं भूले। राज्य के लिए जिन सात
नई ट्रेनों की घोषणा रेल मंत्री पवन बंसल
ने की है उसमें दो राज्यमंत्री अधीर
चौधरी के इलाके में हैं।
रेल राज्य मंत्री के इलाके के
लोगों को जो दो नई लोकल
ट्रेनों का तोहफा मिला है वे हैं,
सियालदह-बहरमपुर कोर्ट
तथा काटवा जंगीपुर लोकल। वहीं बजट में
घोषित किए गए कुल 25 नए कारखानों में
बंगाल में महज एक कारखाने
का ही प्रस्ताव है और वह भी रेल
राज्यमंत्री अधीर के गृह जिले
मुर्शिदाबाद के बहरमपुर सबडिविजन में।
बंसल ने अपने रेल बजट अभिभाषण में
बहरमपुर में रेल वर्कशाप खोलने
की घोषणा की है।
सूत्रों के मुताबिक रेल राज्य मंत्री ने
बंगाल में अपना असर दिखाकर तृणमूल
कांग्रेस व खास कर
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को पंचायत
चुनाव के पूर्व जवाब दिया है। 2009 से
2011 तक बतौर रेलमंत्री तीन साल तक लगातार रेल बजट
पेश कर चुकीं ममता बनर्जी की घोषित रेल
परियोजनाओं और कारखानों का इस बजट
में भविष्य अनिश्चित हो चुका है। रेल
प्रशासन से जुड़े राज्य के कुछ
आला अधिकारियों के मुताबिक
ममता की घोषित परियोजनाओं पर
संसाधनों की कमी से आगे बढ़ना संभव
नहीं हो सका। ममता ने तीन साल तक
बतौर रेल मंत्री रहते कुल 31 रेल
परियोजनाओं का शिलान्यास
किया था और अधिकांश पर
'फिजिब्लिटी रिपोर्ट' तक
जमा नहीं की गई।