Indian Railways News => Topic started by railenquiry on Sep 15, 2013 - 09:00:20 AM


Title - लाखों की कमाई के बावजूद सुविधाओं को तरसा कैथल रेलवे स्टेशन
Posted by : railenquiry on Sep 15, 2013 - 09:00:20 AM

अंग्रेजी राज में बना कैथल रेलवे स्टेशन सुविधाओं को तरस रहा है। यदि आय की दृष्टि से देखा जाए तो कैथल जिला रेलवे विभाग को प्रतिमाह लाखों रुपये आय दे रहा है, लेकिन इसके बावजूद विभाग कैथल में सुविधाएं देने के लिए हाथ पीछे खींच रहा है। जहां रेलवे स्टेशन पर यात्रियों को ठहरने के लिए पूर्ण सुविधाएं नहीं है, वहीं लोगों की सुरक्षा के लिए लगाए गए रेलवे पुलिस कर्मचारी भी आज सुविधाओं को तरस रहे हैं। कर्मचारी खंडहर भवन में रहने को मजबूर हो रहे हैं। जहां कैथल राजकीय रेलवे पुलिस में छह पुलिस अधिकारी व कर्मचारी कार्यरत हैं, वहीं रेलवे सुरक्षा बल के कर्मचारियों की भी स्थाई नियुक्ति आज तक नहीं हो पाई है। कैथल रेलवे स्टेशन पर अनाज चोरी सहित अन्य प्रकार की चोरी के मामले पूर्व में सामने भी आ चुके हैं। इन मामलों में पुलिस द्वारा चोरों के खिलाफ केस दर्ज कर कार्रवाई की जा चुकी है।
देश की आजादी से पूर्व अंग्रेजों द्वारा कैथल रेलवे स्टेशन बनाया गया था, लेकिन सरकार व विभाग के अधिकारियों की बेरूखी के कारण कैथल रेलवे स्टेशन की अनदेखी की जा रही है। कैथल रेलवे स्टेशन आज कई सुविधाओं को तरस रहा है। रेलवे स्टेशन पर राजकीय रेलवे पुलिस में मात्र छह कर्मचारी ही इस समय ड्यूटी पर तैनात है।
इतना ही नहीं, पुलिस कर्मचारी खंडहर भवन में रहने को मजबूर हैं। मालखाना व पुलिस कार्यालय की हालत खस्ता है। एक कमरे को अनफिट घोषित किया हुआ है, लेकिन जगह की कमी के कारण पुलिस कर्मचारी वहां भी रहने को मजबूर हो रहे हैं। पुलिस कर्मचारियों के लिए रात्रि ठहराव को लेकर कोई स्थान नहीं है।
12 कर्मचारियों की और जरूरत :
कैथल रेलवे स्टेशन पर यात्रियों की संख्या को देखते हुए करीब 12 कर्मचारियों की ओर जरूरत है। कैथल रेलवे स्टेशन के अलावा, ढांड, पबनावा, टीक, ग्योंग, कुतुबपूर, सजुमा व कलायत स्टेशन पर कोई भी कर्मचारी तैनात नहीं है। इस कारण यात्री अपने आपको असुरक्षित सा महसूस कर रहे हैं। लोगों का कहना है कि पुलिस कर्मचारियों की संख्या को बढ़ाया जाए।
आवारा पशुओं का स्थान बना माल गोदाम
कैथल रेलवे स्टेशन पर बना माल गोदाम रेलवे प्रशासन की अनदेखी व लापरवाही के कारण आज पशुओं का स्थान बनकर रह गया है। यहां अवारा पशु हर समय घूसे रहते हैं। गंदगी का आलम होने के कारण यहां से गुजरने में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
पुलिस कर्मियों की बढ़ाई जाए संख्या : ढुल
जिला रेलवे कल्याण समिति के महासचिव जगरूप ढुल ने बताया कि कैथल रेलवे स्टेशन पर पुलिस कर्मचारियों की संख्या कम होने के कारण चोरों के हौसले बुलंद है। चोरी की वारदात को रोकने व महिला यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए सरकार व रेलवे विभाग द्वारा कर्मचारियों की संख्या बढ़ाई जानी चाहिए। इसके साथ-साथ रेलवे स्टेशन पर कर्मचारियों व यात्रियों को सभी सुविधाएं मुहैया करवाई जानी चाहिए।