Indian Railways News => Topic started by AllIsWell on Oct 14, 2012 - 12:00:45 PM


Title - पार्क की दीवार तोड़ते हुए ट्रैक से नीचे उतरा मालगाड़ी का डिब्बा
Posted by : AllIsWell on Oct 14, 2012 - 12:00:45 PM

मंडावरिया रेलवे स्टेशन के पास बने अडानी लॉजिस्टिक पार्क यार्ड में शुक्रवार देर रात 1.30 बजे शंटिंग के दौरान मालगाड़ी का एक डिब्बा रैम्प से उतर कर अडानी पार्क की दीवार तोड़ते हुए ट्रैक से नीचे उतर गया। इससे पांच रेल डिब्बों को नुकसान पहुंचा। इससे रेलवे को काफी नुकसान होने की आशंका है। जयपुर से आया रेलवे का जांच दल नुकसान का आकलन कर रहा है। डिब्बों में कोलकाता जाने के लिए मार्बल का लदान किया हुआ था। रेलवे की टीम शनिवार देर शाम तक ट्रैक को ठीक करने में जुटी हुई थी। रेलवे टीआई पुष्पेंद्र जैनम ने बताया कि यह दुर्घटना किसकी गलती से हुई, इस संबंध में जांच रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है।

यह है घटना

मंडावरिया रेलवे स्टेशन के पास स्थित अडानी लॉजिस्टिक पार्क के रेलवे यार्ड में शुक्रवार रात्रि 1.30 बजे पांच डिब्बों में रखे कंटेनर को जोड़ने के लिए शंटिंग का कार्य किया जा रहा था। ठोकर लगने से मालगाड़ी के डिब्बे रैम्प पर पीछे की ओर चलने लगे। थोड़ी दूर पर जाने पर पिछला डिब्बा पटरी से उतर गया तथा अडानी पार्क की दीवार को तोड़ते हुए यार्ड से बाहर निकल गया।

वैगन के ट्रैक से उतरने और दीवार से टकराने पर जोरदार आवाज हुई। इससे रात्रि में कार्य करने वाले कर्मचारी घबरा कर भाग छूटे। सूचना पर अडानी पार्क के अधिकारी मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया तथा घटना की जानकारी रेलवे अधिकारियों को दी। शनिवार को किशनगढ़ रेलवे स्टेशन अधीक्षक मुरलीधर वर्मा, टीआई पुष्पेंद्र जैनम व सीआई राजेन्द्र कुमार तथा अन्य के साथ घटनास्थल पर गए तथा मौका मुआयना किया। रेलवे के अधिकारी मालगाड़ी के शेष वैगन को ट्रैक पर लाने की तैयारी में जुट गए। शाम को जयपुर से विशेष दस्ता आया तथा नुकसान का जायजा लिया।

सुरक्षा किसकी, बना प्रश्न

अडानी पार्क में खड़ी मालगाड़ी की सुरक्षा के लिए जिम्मेदार कौन है। इस पर रेलवे और अडानी ग्रुप के अधिकारी आमने-सामने हो गए। इस संबंध में रेलवे के टीआई जैनम ने बताया कि रेलवे स्टाफ मंडावरिया रेलवे स्टेशन पर रहता है। अडानी पार्क में शंटिंग कराने का कार्य अडानी पार्क के कर्मचारी करते हैं। सुरक्षा की जिम्मेदारी अडानी पार्क की है। वहीं अडानी पार्क के सहायक प्रबंधक प्रमोद ने बताया कि सुरक्षा तो रेलवे की होती है, हमारा स्टाफ तो सहयोग करता है। रात्रि में रेलवे द्वारा मालगाड़ी की शंटिंग का कार्य किया जा रहा था। इंजन की टक्कर से सुरक्षा टै्रक पर खड़े वैगन पीछे की ओर चलने लगे। जब तक कोई कुछ समझ पाता तब तक पिछला वैगन ट्रैक छोड़कर दीवार तोड़ता हुआ नीचे जा चुका था।

कोलकाता के लिए भरा था मार्बल

अडानी पार्क के रेलवे यार्ड से कोलकाता जाने के लिए पांच कंटेनर में मार्बल भरा था। कंटेनर को मालगाड़ी पर चढ़ाकर सुरक्षित टै्रक पर खड़ा किया हुआ था। मदार से इसी कंटेनर की मालगाड़ी आई इसी में इन डिब्बों को जोड़ने का काम किया जा रहा था।

इनका कहना है

'किस कमी के कारण यह घटना घटी, इस संबंध में जांच रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है। रनिंग ट्रैक और सुरक्षित टै्रक की सुरक्षा अडानी पार्क की है। रात्रि में सारा कार्य अडानी पार्क के कर्मचारियों द्वारा किया जाता है। इसकी जिम्मेदारी पार्क की है।'

पुष्पेंद्र जैनम, टीआई

'इंजन के डिब्बों से टकराने से यह हादसा हुआ। सुरक्षा की जिम्मेदारी रेलवे की है। शंटिंग का कार्य रेलवे कर्मचारियों द्वारा किया जाता है।'

प्रमोद, सहायक प्रबंधक अडानी पार्क